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सुल्तानपुर में ऑनलाइन गेम की लत से शिक्षक कंगाल, गंवा दिए 1.25 करोड़ रुपये

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सुल्तानपुर: ऑनलाइन गेम की लत ने शिक्षक को बनाया कंगाल, गंवा दिए 1.25 करोड़ रुपये

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एक चौंकाने वाली खबर सुल्तानपुर जनपद से आ रही है।
यूपी के सुल्तानपुर जिले में एक प्राथमिक विद्यालय शिक्षक ऑनलाइन गेमिंग की लत में ऐसा फंसा कि उनकी पूरी जिंदगी तहस-नहस हो गई। पैसे कमाने के लालच में शुरू हुआ खेल धीरे-धीरे इतना खतरनाक जाल बन गया कि शिक्षक ने अपनी पूरी कमाई, जमीन और कर्ज मिलाकर करीब सवा करोड़ रुपये गंवा दिए।

मामला कूरेभार थाना क्षेत्र के श्रीरामपुर गांव का है। यहां के निवासी फूलचंद प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक हैं। उनके परिवार में पत्नी और दो बच्चे हैं। नौ महीने पहले एक दोस्त ने उन्हें ऑनलाइन गेमिंग ऐप से पैसे कमाने की सलाह दी।

शुरुआत में फूलचंद ने गेमिंग ऐप पर 7 लाख रुपये लगाए, जिससे उन्हें 18 लाख रुपये का फायदा हुआ। यही फायदा उनके लिए नुकसान का कारण बन गया। धीरे-धीरे वह रात-रातभर गेम खेलने लगे। कुछ ही महीनों में वह 25 लाख रुपये हार गए।

नुकसान की भरपाई करने के लिए फूलचंद ने 31 लाख रुपये का बैंक ऋण, 3.50 लाख रुपये ऑनलाइन ऐप से लोन, 15 लाख रुपये दोस्तों से उधार और यहां तक कि अपनी जमीन बेचकर भी रकम जुटाई। लेकिन जितना ज्यादा खेलते, उतना ज्यादा हारते गए।

आखिरकार फूलचंद ने लगभग सवा करोड़ रुपये गंवा दिए।

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भारी कर्ज में डूब चुके शिक्षक ने अब पुलिस से मदद की गुहार लगाई है ताकि उनकी धनराशि वापस मिल सके। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।

अब बड़ा सवाल – कब लगेगी इस पर रोक?

यह घटना एक बार फिर सवाल खड़ा करती है कि आखिर ऑनलाइन गेमिंग और बेटिंग ऐप पर सख्त रोक क्यों नहीं लगाई जाती। कई राज्यों में इनसे जुड़े मामलों में लोगों की जान और संपत्ति तक बर्बाद हो चुकी है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे ऐप लोगों को लालच और लत के जरिए बरबादी की ओर धकेलते हैं।

सुल्तानपुर का यह मामला केवल एक शिक्षक की व्यक्तिगत त्रासदी नहीं है, बल्कि पूरे समाज के लिए चेतावनी है। ऑनलाइन गेमिंग और बेटिंग ऐप्स शुरू में छोटे-छोटे लालच देकर लोगों को अपनी गिरफ्त में ले लेते हैं, लेकिन धीरे-धीरे यही लत इंसान की कमाई, संपत्ति और परिवार तक को तबाह कर देती है।

आज ज़रूरत है कि माता-पिता अपने बच्चों और युवाओं पर नज़र रखें, और सरकार ऐसे ऐप्स पर कड़ी कार्यवाही करे। साथ ही हर व्यक्ति को समझना चाहिए कि कड़ी मेहनत और ईमानदारी से कमाया गया पैसा ही स्थायी सुख देता है, शॉर्टकट और लालच केवल बरबादी की ओर ले जाते हैं।

👉 समाज को मिलकर ऐसी बुराइयों के खिलाफ जागरूकता फैलानी होगी, तभी भविष्य की पीढ़ी इस जाल में फंसने से बच पाएगी।

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