- Advertisement -

सुलतानपुर-दोस्तपुर थानाध्यक्ष को सीजेएम ने किया तलब

0 242

*दोस्तपुर थानाध्यक्ष को सीजेएम ने किया तलब*
*महीना भर बीतने के बाद भी बेलबांड सत्यापन रिपोर्ट न भेजने का मामला*
—————————————-
(1)सुलतानपुर। कोर्ट से जमानत मिलने के बाद भी पुलिस की लापरवाही के चलते चोरी का आरोपी जेल में बंद पड़ा है। सीजेएम आशारानी सिंह ने मामले में संज्ञान लेते हुए दोस्तपुर थानाध्यक्ष को आगामी तीन जून के लिए व्यक्तिगत रूप से तलब कर जवाब मांगा है।
मामला कोतवाली नगर थाना क्षेत्र से जुड़ा है। जहां पर हुई चोरी व बरामदगी के मामले में आरोपी लवलेश सिंह उर्फ शत्रुघ्न सिंह निवासी उघड़पुर भटपुरा- दोस्तपुर को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। लवलेश की जमानत अर्जी बीते 24 अप्रैल को ही जिला जज की अदालत से मंजूर हो चुकी है। अदालत के आदेश के क्रम में लवलेश के जामिनदारों का सत्यापन कराने के लिए कागजात कोर्ट से एसपी व डीएम को भेजा गया है। एसपी आफिस से जामिनदारों का सत्यापन कराने के लिए कागजात दोस्तपुर थाने को बीते 27 अप्रैल को ही भेजा गया,लेकिन माह भर बीतने के बाद भी दोस्तपुर पुलिस जामिनदारों का सत्यापन नहीं करा सकी। मामले में शनिवार को लवलेश के अधिवक्ता के जरिये प्रार्थना पत्र देकर कार्यवाही की मांग की गयी। जिस पर संज्ञान लेते हुए सीजेएम आशारानी सिंह ने आगामी तीन जून को थानाध्यक्ष दोस्तपुर को व्यक्तिगत रूप से तलब कर स्पष्टीकरण मांगा है।

- Advertisement -

*गैर इरादतन हत्यारोपियों को सीजेएम ने किया किशोर घोषित*
*पुलिस ने अन्य आरोपियों के साथ किशोर आरोपियों को भी वयस्क बताते हुए भेजा था जेल*
—————————————-
(2)सुलतानपुर। जमीनी विवाद को लेकर हुई गैर इरादतन हत्या के मामले में दो किशोर को पुलिस ने वयस्क बताते हुए गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। जिनकी तरफ से घटना के समय उन्हें नाबालिग बताते हुए किशोर घोषित किये जाने की मांग को लेकर अर्जी दी गयी। सीजेएम आशारानी सिंह ने दोनों किशोर को बड़ी राहत देते हुए उनकी अर्जी स्वीकार कर ली आैर पत्रावली पृथक कर विचारण के लिए किशोर न्याय बोर्ड भेजने का आदेश दिया है।
मामला दोस्तपुर थाना क्षेत्र के सुरहुरपुर गांव से जुड़ा है। जहां के रहने वाले नाजिर खान ने बीते 13 मई की घटना बताते हुए जमीनी विवाद को लेकर हुए हमले के चलते गैर इरादतन हत्या के मामले में गांव के ही आरोपीगण खुर्शीदा,मो.फारुख,उसके लड़के शानू,पुत्री जरीना,अफसरी व सहआरोपी आलम के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। इस मामले में पुलिस ने अन्य आरोपियों साथ किशोर शानू व आलम को भी वयस्क दर्शाते हुए गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। शानू व आलम को घटना के समय किशोर बताते हुए उनके संरक्षक अनवर खां की तरफ से सीजेएम कोर्ट में अर्जी दी गयी आैर समर्थन में अंकपत्र एवं अन्य अभिलेख दाखिल करते हुए उन्हें किशोर बताया गया। सीजेएम आशारानी सिंह ने अभिलेखों एवं शानू व आलम को देखकर किशोर प्रतीत होना मानते हुए उनकी तरफ से पड़ी अर्जी स्वीकार कर ली है। सीजेएम ने मामले की सुनवाई के लिए इनकी पत्रावली अलग कर किशोर न्याय बोर्ड को भेजने का आदेश दिया है। कोर्ट के इस आदेश से आरोपी किशोरों को बड़ी राहत मिली है।

- Advertisement -

Leave A Reply

Your email address will not be published.